नई दिल्ली: देश की जानी-मानी रियल एस्टेट कंपनी Ashiana Housing ने चालू वित्त वर्ष 2025-26 की तीसरी तिमाही (Q3) में शानदार वित्तीय प्रदर्शन दर्ज किया है। कंपनी का शुद्ध मुनाफा सालाना आधार पर करीब पांच गुना उछलकर ₹56.65 करोड़ पर पहुंच गया है। बेहतर आय और मजबूत प्रोजेक्ट एग्जीक्यूशन के चलते यह बड़ा उछाल देखने को मिला।
Q3 में मुनाफे की बड़ी छलांग
रेगुलेटरी फाइलिंग के मुताबिक, अक्टूबर-दिसंबर तिमाही में Ashiana Housing का नेट प्रॉफिट ₹10.89 करोड़ से बढ़कर ₹56.65 करोड़ हो गया। यह बढ़ोतरी कंपनी के लिए बेहद अहम मानी जा रही है, खासकर ऐसे समय में जब रियल एस्टेट सेक्टर में लागत और मांग दोनों को लेकर चुनौतियां बनी हुई हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि कंपनी की सीनियर लिविंग और मिड-इनकम हाउसिंग सेगमेंट में मजबूत पकड़ ने इस प्रदर्शन में अहम भूमिका निभाई है।
कुल आय में भी जबरदस्त उछाल
Ashiana Housing की कुल आय में भी Q3 के दौरान तेज़ बढ़ोतरी दर्ज की गई।
Q3 FY26 कुल आय: ₹373.35 करोड़
Q3 FY25 कुल आय: ₹139.93 करोड़
यानी सालाना आधार पर कंपनी की आय में करीब 2.5 गुना की बढ़ोतरी हुई है। यह दर्शाता है कि कंपनी के प्रोजेक्ट्स की डिलीवरी और कलेक्शन में उल्लेखनीय सुधार हुआ है।
9 महीनों में भी दमदार प्रदर्शन
अगर पूरे वित्त वर्ष के पहले नौ महीनों (अप्रैल-दिसंबर 2025-26) की बात करें, तो Ashiana Housing का प्रदर्शन और भी मजबूत नजर आता है।
नेट प्रॉफिट (9 महीने): ₹96.91 करोड़
पिछले साल (नेट लॉस): ₹2.10 करोड़
यानि जहां कंपनी को पिछले साल इसी अवधि में नुकसान हुआ था, वहीं इस बार वह करीब ₹100 करोड़ के मुनाफे के करीब पहुंच गई है।
अप्रैल-दिसंबर में कुल आय का हाल
कंपनी की कुल आय भी पहले नौ महीनों में तेज़ी से बढ़ी है।
FY26 (अप्रैल-दिसंबर) आय: ₹852.25 करोड़
FY25 (अप्रैल-दिसंबर) आय: ₹327.97 करोड़
यह आंकड़े दिखाते हैं कि Ashiana Housing ने न सिर्फ तिमाही बल्कि सालाना स्तर पर भी अपनी फाइनेंशियल स्थिति को मज़बूत किया है।
ऑपरेशनल फ्रंट पर मिली-जुली तस्वीर
हालांकि, जहां मुनाफे और आय के मोर्चे पर कंपनी का प्रदर्शन शानदार रहा, वहीं ऑपरेशनल स्तर पर कुछ दबाव भी देखने को मिला।
तीसरी तिमाही में कंपनी की सेल्स बुकिंग में गिरावट दर्ज की गई।
Q3 FY26 सेल्स बुकिंग: ₹397.03 करोड़
Q3 FY25 सेल्स बुकिंग: ₹454.16 करोड़
यानी सालाना आधार पर बुकिंग में गिरावट आई है, जो यह संकेत देती है कि कुछ प्रोजेक्ट्स में नई बिक्री की रफ्तार थोड़ी सुस्त रही।
रियल एस्टेट सेक्टर का माहौल
विशेषज्ञों के अनुसार, रियल एस्टेट सेक्टर फिलहाल एक ट्रांजिशन फेज़ में है। ब्याज दरों में स्थिरता और शहरी क्षेत्रों में मांग बनी रहने के बावजूद, नई लॉन्च और बुकिंग पर महंगाई और निर्माण लागत का असर दिखाई दे रहा है।
इसके बावजूद Ashiana Housing ने बेहतर कलेक्शन, प्रोजेक्ट कंप्लीशन और डिलीवरी के जरिए अपने वित्तीय नतीजों को मज़बूत बनाए रखा।
सीनियर लिविंग सेगमेंट बना ताकत
Ashiana Housing की पहचान सीनियर लिविंग हाउसिंग प्रोजेक्ट्स के लिए भी है। यह सेगमेंट लगातार कंपनी के लिए स्थिर राजस्व का स्रोत बना हुआ है। जानकारों का मानना है कि भारत में बढ़ती उम्रदराज आबादी के चलते आने वाले वर्षों में यह सेगमेंट और मजबूत हो सकता है।
निवेशकों के लिए क्या संकेत?
Q3 के नतीजे यह संकेत देते हैं कि कंपनी की बैलेंस शीट और प्रॉफिटेबिलिटी में सुधार हो रहा है। हालांकि, सेल्स बुकिंग में आई गिरावट निवेशकों के लिए एक निगेटिव संकेत हो सकती है, जिस पर आने वाली तिमाहियों में नजर रखना जरूरी होगा।
बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि अगर कंपनी आने वाले समय में नई लॉन्च और बुकिंग को गति देती है, तो इसका असर शेयर के प्रदर्शन पर भी देखने को मिल सकता है।
आगे की रणनीति पर नजर
कंपनी आने वाले समय में अपने मौजूदा प्रोजेक्ट्स की डिलीवरी, नए लॉन्च और लागत नियंत्रण पर फोकस कर सकती है। साथ ही, मजबूत कैश फ्लो के जरिए बैलेंस शीट को और बेहतर बनाने की रणनीति अपनाई जा सकती है।
निष्कर्ष
Ashiana Housing के Q3 नतीजे साफ तौर पर यह दिखाते हैं कि कंपनी ने वित्तीय मोर्चे पर मजबूत वापसी की है। मुनाफे और आय में आई तेज़ बढ़ोतरी ने निवेशकों और बाजार को सकारात्मक संकेत दिए हैं। हालांकि, सेल्स बुकिंग में गिरावट एक ऐसा पहलू है, जिस पर कंपनी को आगे काम करना होगा।


